जिला पंचायत के सभा कक्ष में हुआ एक दिवसीय उन्मुखीकरण कार्यक्रम, विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं प्रतिनिधि हुए शामिल
कोरबा, बाल विवाह मुक्त छत्तीसगढ़ अभियान के अंतर्गत 30 अक्टूबर 2026 को जिला पंचायत के सभा कक्ष में एक दिवसीय जिला स्तरीय उन्मुखीकरण सह कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत कोरबा श्री प्रतीक जैन (IAS) की उपस्थिति में संपन्न हुई।
कार्यशाला में जिले को बाल विवाह मुक्त बनाने के उद्देश्य से विभिन्न विभागों के अधिकारियों, कर्मचारियों एवं संबंधित संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। इस दौरान महिला एवं बाल विकास विभाग, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, पुलिस, स्वास्थ्य, शिक्षा, श्रम, आदिवासी विकास, पंचायत एवं समाज कल्याण विभाग सहित बाल कल्याण समिति, किशोर न्याय बोर्ड, जिला बाल संरक्षण इकाई तथा चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे। इसके अलावा ग्राम पंचायत सचिव, सेक्टर पर्यवेक्षक, बाल विवाह प्रतिषेध अधिकारी, सामाजिक संस्थाओं एवं धार्मिक अनुष्ठानों से जुड़े प्रतिनिधियों ने भी सहभागिता की।
कार्यशाला को संबोधित करते हुए मुख्य कार्यपालन अधिकारी प्रतीक जैन ने जिले को बाल विवाह मुक्त कोरबा बनाने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश एवं मार्गदर्शन दिया। उन्होंने अभियान के प्रभावी क्रियान्वयन तथा विभिन्न विभागों के बीच समन्वय बनाकर कार्य करने पर जोर दिया।
इसके पश्चात जिला कार्यक्रम अधिकारी बसंत मिंज, जिला बाल संरक्षण अधिकारी दया दास महंत, चाइल्ड राइट एसोसिएट (AVA), नीति आयोग की नीलू पटेल तथा विधिक सह परिवीक्षा अधिकारी संदीप ने बाल विवाह मुक्त छत्तीसगढ़ एवं बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से जानकारी दी।
इस अवसर पर बाल विवाह मुक्त भारत पोर्टल की उपयोगिता, अभियान के उद्देश्यों तथा बाल विवाह की रोकथाम के लिए विभागीय जिम्मेदारियों के संबंध में भी जानकारी प्रदान की गई।
कार्यशाला के माध्यम से बाल विवाह जैसी सामाजिक कुप्रथा को समाप्त करने के लिए सामूहिक प्रयास, जनजागरूकता और विभागीय समन्वय के साथ प्रभावी कार्रवाई करने का संदेश दिया गया।



