0 भू-विस्थापन समस्या के लिए एकजुट होने ऊर्जाधानी संगठन की अपील
कोरबा ,सार्वजनिक क्षेत्र के वृहद उपक्रम कोल् इंडिया की अनुसांगिक कंपनी एसईसीएल बिलासपुर के अधीन कोरबा-पश्चिम क्षेत्र में स्थापित खुले मुहाने की गेवरा कोयला परियोजना अंतर्गत एसईसीएल की मेगा परियोजना हेतु हरदीबाजार क्षेत्र में कोल् उत्खनन हेतु जमीनों का अधिग्रहण किया गया हैं। परन्तु अब तक भू-विस्थापितो को उचित मुआवजा और उनका हक़ नहीं मिल पाया हैं। जिसके कारण माटीपुत्र भू-विस्थापित आंदोलनरत हैं।
इसी कड़ी में 26 सितंबर को हरदीबाजार क्षेत्र में भू-विस्थापित परिवारों के साथ छत्तीसगढ़ प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल का सीधा संवाद कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। बताया जा रहा हैं की हरदीबाजार के भू-विस्थापितों के आमंत्रण पर श्री बघेल का आगमन हो रहा है।
आरोप है कि वर्तमान की राज्य व केंद्र सरकार और एसईसीएल के गठजोड़ के कारण लगभग एक साल पूर्व हुई उनकी बैठक के बाद से जिला प्रशासन निरंकुश हो गया है। भू-विस्थापितो के अपने अधिकार की मांग पर होने वाले आंदोलनों पर सख्त कार्यवाही और जबरन बुलडोजर चलाकर ग्राम खाली कराने की मुहिम शुरू हो चुकी है।
आरोप लगाते हुए बताया जा रहा हैं की उच्च न्यायालय के आदेश के बाद भी रोजगार नहीं दिए जा रहे हैं। मुआवजा में भारी कटौती की जा रही है। पुनर्वास की व्यवस्था को बंद किया जा रहा है। खदान क्षेत्र के प्रभावितों को आउटसोर्सिंग कम्पनियों में भी रोजगार नहीं मिल रहा है। इन कम्पनियों द्वारा वेतन, भत्ते, मेडिकल, सुरक्षा जैसी मूलभूत सुविधा तक नहीं दी जा रही है। शासन और प्रशासन भू-विस्थापितों की बातों को सुनने की बजाय उन्हें ही प्रताड़ित कर रहे हैं। इस दमन और शोषण के विरुद्ध संघर्ष को बढाने और अपने हक व अधिकार की रक्षा के लिए यह आयोजन मील का पत्थर साबित होने की उम्मीद जताई जा रही हैं, यदि प्रभावित लोग अपनी एकजुटता का संदेश दे पायें।
0 की जा रही है अपील
ऊर्जाधानी भूविस्थापित किसान कल्याण समिति के अध्यक्ष सपुरन कुलदीप ने अपनी अपील में कहा है कि आप किसी भी विचारधारा, किसी भी राजनैतिक दल के हों, लेकिन ऐसी स्थिति बन चुकी है कि आपको आने वाली गंभीर स्थिति के खिलाफ एक होना ही पड़ेगा, नहीं तो आपके जनप्रतिनिधि तो यही कहते रहेंगे कि हमारी सरकार है, हम सामने नहीं आ सकते और देखते-देखते आपकी जमीन आपके पैर के नीचे से खिसक जाएगी और आने वाली पीढ़ियाँ आपका अपमान ही करेंगी। अतः सभी से विनम्र आग्रह है कि 26 सितंबर को हरदीबाजार पहुंच आयोजन में सम्मिलित होए।



