कोरबा ,कोरबा पुलिस ने भावनात्मक बहाने बनाकर साइबर ठगी करने वाले दो कथित आरोपियों को गिरफ्तार किया है। उन्होंने ‘मां के निधन और अंतिम संस्कार’ का झूठा बहाना बनाकर एक व्यक्ति से 40 हजार रुपये ठग लिए थे। पुलिस ने तकनीकी जांच के आधार पर दोनों व्यक्तियो को जांजगीर-चांपा जिले से गिरफ्तार किया है।
कोरबी चौकी प्रभारी सुरेश कुमार जोगी ने बताया कि कोरबी निवासी ग्रामीण ने 3 जून को शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि 29 मई की सुबह एक अज्ञात नंबर से कॉल आया। कॉल करने वाले ने खुद को उनका परिचित बताते हुए कहा कि उसकी मां का निधन हो गया है और अंतिम संस्कार के लिए तत्काल 40 हजार रुपये की जरूरत है। आरोपी ने भरोसा जीतने के लिए तुरंत एक QR कोड भेजा। पीड़ित ने मदद के उद्देश्य से कोड स्कैन कर 40 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए। कुछ देर बाद जब उन्होंने अपने वास्तविक परिचित से संपर्क किया तो पता चला कि उनके साथ साइबर ठगी हुई है।
शिकायत के बाद पुलिस और साइबर टीम ने बैंक खातों तथा तकनीकी साक्ष्यों की जांच की। जांच में सामने आया कि ठगी की पूरी राशि जांजगीर-चांपा निवासी के एक्सिस बैंक खाते में ट्रांसफर हुई थी। इसके बाद पुलिस ने कॉल डिटेल और लोकेशन के आधार पर दोनों उनका पता लगाया।
पुलिस ने थाना अक्तारा क्षेत्र के ग्राम उरदुमा निवासी और ग्राम बोरतरी निवासी को गिरफ्तार किया। पूछताछ में दोनों ने वारदात कबूल कर ली। जांच में यह भी सामने आया कि दोनों फर्जी मोबाइल नंबर और बैंक खातों का इस्तेमाल कर लोगों को बीमारी, दुर्घटना और मौत जैसी संवेदनशील घटनाओं का हवाला देकर इमोशनल ब्लैकमेल करते थे।
पुलिस ने जानकारी देते हुए बताया की मुख्य आरोपी ने एमकॉम तक पढ़ाई की है और एक माइक्रो फाइनेंस बैंक में कार्यरत है। पुलिस अब आरोपियों से अन्य साइबर ठगी के मामलों में भी पूछताछ कर रही है और यह पता लगाया जा रहा है कि इस गिरोह ने कितने लोगों को अपना शिकार बनाया है।




